MRP नियंत्रण को लेकर जंतर-मंतर पर उठी आवाज
नई दिल्ली। अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत द्वारा अधिकतम खुदरा मूल्य (MRP) प्रणाली में सुधार और नियंत्रण के लिए सख्त कानून बनाने की मांग को लेकर जनजागरण अभियान चलाया जा रहा है। संगठन का कहना है कि वर्तमान व्यवस्था में कंपनियां अपने स्तर पर MRP निर्धारित कर रही हैं, जिससे उपभोक्ताओं को कई बार वास्तविक कीमत से अधिक भुगतान करना पड़ता है।
संगठन के अनुसार, MRP निर्धारण की प्रक्रिया को पारदर्शी और जवाबदेह बनाने की आवश्यकता है ताकि उपभोक्ताओं के हितों की प्रभावी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। ग्राहक पंचायत का कहना है कि शिक्षा, स्वास्थ्य, खाद्य सामग्री और अन्य आवश्यक वस्तुओं की बढ़ती कीमतों ने आम जनता की चिंताओं को बढ़ा दिया है।
इसी मांग को लेकर 12 जून 2026 को नई दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान किया गया। प्रदर्शन के माध्यम से सरकार से MRP निर्धारण की स्पष्ट नीति बनाने, मूल्य नियंत्रण संबंधी प्रभावी कानून लागू करने तथा स्वतंत्र निगरानी तंत्र स्थापित करने की मांग की गई।
संगठन का मानना है कि यदि MRP व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और नियंत्रित बनाया जाता है तो उपभोक्ताओं को अनावश्यक आर्थिक बोझ से राहत मिल सकती है। साथ ही बाजार में मूल्य निर्धारण की प्रक्रिया अधिक निष्पक्ष और संतुलित हो सकेगी।
ग्राहक पंचायत ने केंद्र सरकार से उपभोक्ता हितों की रक्षा के लिए जल्द आवश्यक कदम उठाने और MRP नियंत्रण से संबंधित प्रभावी कानूनी व्यवस्था लागू करने की मांग की है।